म्हारे लिएमैंने तो गढ़ा
एक नया जन्म
एक नई पुकार
और-
सच मानो,
खुद एक_मैं_फकत मैं/
तुम्हारे लिए
फिर से
भटका खयालों में
तड़फा विचारों में- और
ढूँढा तुम्हें उसी शहर में
जहाँ छोड़ चली थी तुम
अपनी साँसे, कुछ यादें
और- सच मानो
मेरी बेवफाई भी।
तुम्हारे लिए
मरा था मैं,
जन्मा था मैं
लेकिन,
तुम जब मिली तो
सच मानो,
इस बार तुमने
की बेवफाई...।

लोड हो रहा है...
प्रतिक्रियाएँ